गणेश विसर्जन शुभ मुहूर्त 6 सितंबर 2025
सुबह 07.36 से सुबह 09 10 मिनट तक
दोपहर 12.17 बजे से शाम 04.59 बजे तक।
सायाह्न मुहूर्त (लाभ) - शाम 06.37 बजे से रात 08 . 02 बजे तक
रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर) - रात 09.28 बजे से 01.40 बजे तक, (7 सितंबर 2025)
गणेश विसर्जन का महत्व
गणेश विसर्जन सिर्फ एक परंपरा नहीं है, बल्कि यह जीवन के एक महत्वपूर्ण हिस्से को दिखाता है। यह जीवन की नश्वरता और परमात्मा की अनंतता का प्रतीक है। भक्त इस दिन 'गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ' का जयकारा लगाते हुए उनसे अगले साल फिर आने की प्रार्थना करते हैं। यह विसर्जन इस बात का भी प्रतीक है कि शिव पुत्र अपने साथ भक्तों के सभी दुखों और बाधाओं को भी ले जाते हैं।
पूजन-विधि
गणेश विसर्जन के दिन, भक्त पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ भगवान गणेश को अंतिम विदाई देते हैं। पहले मूर्ति के सामने उत्तर पूजा (अंतिम अनुष्ठान) की जाती है। इस दौरान, भगवान को हल्दी, कुमकुम, मोदक और अन्य प्रिय वस्तुएं अर्पित की जाती हैं। इसके बाद आरती की जाती है और भक्त उनसे जाने-अनजाने में हुई गलतियों के लिए माफी मांगते हैं।