हिंदू पंचांग के अनुसार, अश्विन मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि का शुभारंभ 14 अक्टूबर रात्रि 11 बजकर 25 मिनट से होगा और इस तिथि का समापन 15 अक्टूबर को मध्य रात्रि 00.33 मिनट पर हो जाएगा। ऐसे में शारदीय नवरात्रि की शुरुआत 15 अक्टूबर रविवार के दिन से होगी और विजयदशमी पर 24 अक्टूबर 2023 मंगलवार के दिन मनाया जाएगा।
नवरात्रि में प्रतिप्रदा के दिन घट स्थापना का मुहूर्त 15 अक्टूबर को सुबह 11.56 मिनट से 12.44 मिनट तक है।(अभिजीत मुहुर्त)
15 अक्टूबर- प्रतिपदा घट स्थापना, माँ शैलपुत्री पूजा
16 अक्टूबर- माँ ब्रह्मचारिणी पूजा
17 अक्टूबर – माँ चंद्रघंटा पूजा
18 अक्टूबर- माँ कूष्माण्डा पूजा
19 अक्टूबर – माँ स्कन्दमाता पूजा
20 अक्टूबर - माँ कात्यायनी पूजा
21 अक्टूबर – माँ कालरात्रि पूजा
22 अक्टूबर- दुर्गा अष्टमी, माँ महागौरी पूजा
23 अक्टूबर – महा नवमी, माँ सिद्धिदात्री पूजा
24 अक्टूबर – नवरात्रि पारण, दुर्गा विसर्जन।
दशहरा (शस्त्र पूजा - 14.18 से 15.04 तक)
इस बार शारदीय नवरात्रि माता दुर्गा का आगमन उनके वाहन सिंह पर नहीं बल्कि हाथी पर होगा. मान्यता है कि माता दुर्गा का हाथी पर सवार होकर आना बहुत शुभ होता है और माता का प्रस्थान (24 अक्टूबर,मंगलवार) को मुर्गे पर सवार होकर होगा।